VARANASI: 29 अगस्त को हापुड़ में अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज किया गया था। इसके विरोध में 30 अगस्त से प्रदेश के सभी बार एसोसिएशन न्यायिक कार्य का बहिष्कार कर रहे हैं। इसके बाद से हाईकोर्ट में कामकाज ठप ही चल रहा है। बीच में रक्षा बंधन का त्योहर के चलते कोर्ट बंद रहा। सोमवार को कामकाज शुरू होने की संभावना जताई जा रही थी कि यूपी बार काउंसिल के आह्वान पर हाईकोर्ट बार एसोसिएशन और जिला अधिवक्ता संघ ने सोमवार को न्यायिक कार्य के बहिष्कार करने की घोषणा कर दी है। मगंलवार को भी न्यायीक कार्य बहिष्कार कर हडताल रही।
👉इसी सिलसिले में हापुड़ में वकीलों पर बर्बर लाठी चार्ज के विरोध में मगंलवार को वाराणसी कचहरी में न्यायिक कार्यों का बहिष्कार कर पुलिस विरोधी नारे लगाते हुए प्रदेश के डीजीपी और मुख्य सचिव का पुतला बनाकर प्रतीक शव यात्रा सिविल और कलक्ट्रेट परिसर में जुलूस निकला फिर डीएम पोर्टिंको पर प्रदर्शन के बाद दहन किया और उसके बाद सभा कर आक्रोश जताया। वकीलों किया मांग है कि हापुड़ के एसपी और सीओ के स्थानांतरण के साथ घटना में शामिल पुलिस कर्मियों पर मुकदमा दर्ज करने के साथ घायल वकीलों के सहायता और एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लागू किया जाय और जो जाँच कमेटी में बनी है उसमे यूपी बार कॉउन्सिल के चेयरमैन और रिटायर्ड हाईकोर्ट जज को शामिल किया जाय। वाराणसी वकीलों कि हड़ताल बुधवार को भी जारी रही।
👉यूपी बार काउंसिल ने विज्ञप्ति जारी कर सूचना दी की 8 मार्च को यूपी बार कौंसिल की बैठक प्रयागराज स्थित बार कौंसिल मुख्यालय पर होगी जिसमे आगे के आंदोलन की रणनीति पर चर्चा होगी तब तब वकीलों का आंदोलन यथावत जारी रहेगा।

