✍️✍️ गुण्डा एक्ट के मामले मे अभियुक्त उन्मोचित

 

""बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता विशाल सेठ, के.सी. पासवान व राकेश कुमार गुप्ता ने पक्ष रखा""

वाराणसी: न्यायालय संयुक्त पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी डॉ के एजिलरसन ने अभियुक्त विकास यादव उर्फ मोंटी यादव पुत्र विजय यादव निवासी बंगाली बाड़ा थाना कोतवाली वाराणसी को गुंडा एक्ट के मामले से उन्नमोचित कर दिया। बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता विशाल सेठ, के.सी. पासवान व राकेश कुमार गुप्ता ने पक्ष रखा।

👉 प्रकरण के अनुसार पुलिस उपायुक्त काशी जोन कमिश्नरेट वाराणसी के माध्यम से थाना प्रभारी कोतवाली कमिश्नरेट वाराणसी की आख्या दिनांक 14 मई 2023 न्यायालय में प्राप्त हुई थी, जिसमें उल्लेखित किया गया था कि प्रतिवादी विकास यादव उर्फ मोंटी यादव पुत्र विजय यादव निवासी बंगाली बाड़ा थाना कोतवाली जोन काशी कमिश्नरेट वाराणसी में निवास करता है, जिसकी उम्र 30 वर्ष है "गुंडा" है अर्थात वह स्वयं या किसी गिरोह के सदस्य या सरगना के रूप में अभ्यस्ततः भा.दं.वि. के अध्याय 16 व 22 के अधीन अपराध कार्य करता है या कार्य करने का प्रयास करता है या कार्य करने के लिए दुष्प्रेरित करता है, यह एक मनबढ़ व गुंडा प्रवृत्ति का सक्रिय अपराधी है जिससे आम जनता में काफी भय एवं आतंक व्याप्त है, यह व्यक्ति आय दिन संभ्रांत व्यक्तियों को मारना पीटना गाली गलौज देकर अपमानित करना तथा डराना धमकाना जैसे अपराध करने का आदी हो गया है, इसकी गुंडई व दबंगई चरम सीमा पर पहुंच गई है, इसके भय एवं डर से जनता का कोई भी व्यक्ति इसके विरुद्ध ना तो पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करता है और ना ही माननीय न्यायालय में गवाही देने को तैयार होता है जिसके फलस्वरुप इसका मन और भी बढ़ गया है, इसके कार्य से थाना क्षेत्र की आम जनता काफी भयभीत हो गई है, जिससे कानून व्यवस्था प्रवाहित हो रही है, ऐसी स्थिति में इस व्यक्ति का स्वतंत्र विचरण करना जनहित में उचित नहीं है। इसलिए इसके विरुद्ध धारा 3/4 उत्तर प्रदेश गुण्डा नियंत्रण अधिनियम के अंतर्गत निरोधात्मक कार्यवाही किया जाना नितान्त आवश्यक है।




Post a Comment

Previous Post Next Post