वाराणसी: अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पवन कुमार सिंह द्वितीय की अदालत ने थाना लंका में दर्ज गाड़ी चोरी के दो मामले में अभियुक्त किशन कुमार श्रीवास्तव पुत्र विजय कुमार श्रीवास्तव की ओर से प्रस्तुत जमानत प्रार्थना पत्र को स्वीकार करते हुए जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया।
""बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता शकुंतला श्रीवास्तव व रमेश चंद्र श्रीवास्तव ने पक्ष रखा""
👉 प्रकरण के अनुसार वादी अनुज कुमार सिंह निवासी परेवा व पोस्ट नौबतपुर जिला चंदौली ने थाना लंका वाराणसी में तहरीर दिया कि वह BHU हॉस्पिटल गया था जिसका BHU हॉस्पिटल से बाइक चोरी हो गया। बुलेट का नंबर UP67AK1662 हैं। वहीं सौरभ पठानिया, IMS BHU में रेजिडेंट डॉक्टर द्वारा थाना लंका में तहरीर दिया गया कि उसकी दो पहिया बाइक नंबर- PB35N1704 जो IMS BHU गेट के पास खड़ी थी, चोरी हो गई।
👉 अभियुक्त के विद्वान अधिवक्ता द्वारा कहा गया कि अभियुक्त ने कोई अपराध कारित नहीं किया है अभियुक्त बिल्कुल निर्दोष है तथा उपरोक्त मुकदमे में अभियुक्त को झूठा फसाया गया है अभियोजन कथानक झूठा एवं मनगढ़ंत है जिसमें रंचमात्र भी सत्यता नहीं है अभियुक्त के कब्जे से किसी भी प्रकार की बरामदगी नहीं हुई है पुलिस द्वारा बिना किसी स्वतंत्र साक्षी के फर्जी बरामदगी दिखाकर धारा 317 (2) BNS में बढ़ोतरी कर दी गई है।सहायक अभियोजन अधिकारी द्वारा कथन किया गया कि अपराध अजमानती है, जमानत का प्रबल विरोध है, अभियुक्त पर उक्त मुकदमे के अलावा एक अन्य मुकदमा विचाराधीन है।


