अभियुक्त की ओर से अदालत में पक्ष रखते हुए वरिष्ठ फौजदारी अधिवक्ता महेन्द्र मोहन मिश्र, मनीष गुप्ता एवं विकास पाठक ने प्रभावी बहस की
अभियोजन पक्ष का कथानक:
👉 प्रकरण के अनुसार, वादिनी पोथुराज यशोदा, जो आंध्र प्रदेश राज्य के रावटी आर जिले की निवासी हैं, दिनांक 26 जून 2025 को काशी विश्वनाथ के दर्शन के लिए वाराणसी आई थीं। सुबह 4:00 से 4:30 बजे के बीच जब वह श्री राम तारक आंध्र आश्रम से वाराही अम्मा मंदिर की ओर दर्शन के लिए जा रही थीं, उसी दौरान एक अज्ञात व्यक्ति ने उनके गले से लगभग 28 ग्राम वजनी लक्ष्मी बिल्ला मंगलसूत्र युक्त सोने की चेन छीन ली और भाग निकला।
👉 मामले की विवेचना के दौरान 30 जून 2025 को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने शीतला घाट स्थित हवा गली के खंडहर से अभियुक्त शोभित डे उर्फ हर्ष को गिरफ्तार किया। उसकी जामा तलाशी में ₹18,020 नकद और एक देशी तमंचा बरामद हुआ।
👉 बाद में अभियुक्त की निशानदेही पर ₹1,50,000 अतिरिक्त नकदी बरामद की गई। पूछताछ में अभियुक्त ने अपराध में अपनी संलिप्तता स्वीकार की।
अदालत का निर्णय:
👉 सभी तथ्यों व साक्ष्यों पर विचार करते हुए अदालत ने अभियुक्त की ओर से प्रस्तुत जमानत प्रार्थना पत्र को स्वीकार करते हुए उसे सशर्त जमानत दे दी।
