तीन वर्षों से लापता सलमान खान की हत्या के संदेह में उसकी पत्नी अप्साना बीबी, उसके प्रेमी आबिद व अन्य पर षड्यंत्रपूर्वक हत्या का आरोप लगाते हुए प्रार्थी इमरान खान ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में धारा 173(4) बीएनएसएस के तहत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया। न्यायालय ने प्रार्थी की याचिका को स्वीकार करते हुए थाना रामनगर को एफआईआर दर्ज कर विवेचना करने का निर्देश दिया है।
""पीड़ित की ओर से यह प्रार्थना-पत्र फौजदारी अधिवक्ता श्रीकांत प्रजापति, धनंजय साहनी और शैलेन्द्र केशरी द्वारा प्रस्तुत किया गया""
👉 प्रार्थी ने आरोप लगाया कि उसका भाई सलमान खान, जिसकी शादी विपक्षी संख्या-1 अप्साना बीबी से मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार हुई थी, दिनांक 20-11-2022 की रात से लापता है। अप्साना बीबी का सलमान के ही मित्र आबिद से अवैध संबंध था। जब सलमान को इस बात की जानकारी हुई तो उसने विरोध किया, परंतु बाद में अप्साना और आबिद ने माफी मांगकर मामले को शांत किया। बाद में, अप्साना बीबी, आबिद, उनके मित्र साबिर और मायके पक्ष के सहयोग से सलमान को अपने मायके किसी प्रोग्राम का बहाना बनाकर ले गईं, जिसके बाद से वह कभी वापस नहीं लौटा।
👉 प्रार्थी इमरान ने थाना रामनगर सहित उच्च पुलिस अधिकारियों से लेकर जनसुनवाई पोर्टल तक हर स्तर पर शिकायत की, लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई। सलमान की पत्नी अप्साना बीबी अब अपने प्रेमी आबिद के साथ रह रही है। इससे प्रार्थी को पूरा विश्वास हो गया कि उसके भाई की हत्या कर दी गई है और साक्ष्य नष्ट कर दिए गए हैं।
👉 जब पुलिस ने मामले को "पुराना" बता कर अनदेखा किया, तब पीड़ित ने न्यायालय की शरण ली। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मनीष कुमार बीती की अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए एफआईआर दर्ज करने व उचित धाराओं में विवेचना सुनिश्चित करने का आदेश जारी किया।
