✍️✍️ काशी विश्वनाथ धाम में दलालों की दबंगई: अधिवक्ता के साथ अभद्रता, FIR न होने पर वकीलों का आंदोलन का अल्टीमेटम
वाराणसी।
श्री काशी विश्वनाथ धाम में दर्शन के दौरान अधिवक्ता दिलीप मिश्रा के साथ कथित रूप से हुई एक घटना ने तूल पकड़ लिया है। इस घटना के विरोध में कचहरी स्थित सेंट्रल बार सभागार में अधिवक्ताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें पुलिस प्रशासन के खिलाफ कड़ी नाराजगी व्यक्त की गई।
बैठक में उपस्थित अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि 20 मई की सुबह लगभग 4:30 बजे गेट नंबर 4 पर दर्शन के लिए पहुंचे अधिवक्ता दिलीप मिश्रा के साथ रूपेश मौर्या गैंग के दलालों ने अभद्र व्यवहार किया और अवैध वसूली के नाम पर छिनैती की। अधिवक्ताओं का कहना है कि यह गैंग पुलिस संरक्षण में खुलेआम सक्रिय है और श्रद्धालुओं का शोषण कर रहा है, जिससे सरकार और प्रशासन की छवि धूमिल हो रही है।
👉अधिवक्ता अभय सिंह "मिन्टू" ने कहा कि यह गिरोह लंबे समय से धाम परिसर में दलाली और गुंडई कर रहा है, लेकिन प्रशासन मूकदर्शक बना हुआ है। उन्होंने मांग की कि दोषियों के खिलाफ तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
👉बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि यदि 22 मई 2026 तक इस मामले में उचित धाराओं में FIR दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं की गई, तो 23 मई से अधिवक्ता समाज काशी के श्रद्धालुओं के साथ मिलकर व्यापक आंदोलन शुरू करेगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी पुलिस प्रशासन की होगी।
👉 साथ ही यह भी तय किया गया कि 22 मई को वरिष्ठ अधिवक्ताओं का एक प्रतिनिधिमंडल उच्च अधिकारियों से मिलकर मामले में विस्तृत वार्ता करेगा और अंतिम चेतावनी देगा।
👉 बैठक की अध्यक्षता बनारस बार एसोसिएशन के महामंत्री नित्यानंद राय ने की, संचालन विनय शंकर राय "मुन्ना" ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन पीड़ित अधिवक्ता दिलीप मिश्रा ने दिया।
👉 इस बैठक में सेंट्रल बार के पूर्व उपाध्यक्ष दीपक राय कान्हा सहित नीरज सिंह, अमित उपाध्याय, गगन प्रकाश यादव, शैलेन्द्र राय, प्रवीण उपाध्याय, समीर कुमार मिश्रा, अंकित दुबे, आलोक सौरव पांडे, शैलेष राय, रजनीश कान्त शुक्ला, रविन्द्र यादव, अनिल कांत सिंह, आशीष शर्मा, विनय जायसवाल, पंकज उपाध्याय, शशि राय, आशीष सिंह, सुनील सिंह, रवि प्रकाश तिवारी, अवनीश सिंह, अमित प्रताप सिंह, विजेन्द्र पाण्डेय, रोशन सिंह, विजय कुमार सिंह, आशीष चौबे समेत बड़ी संख्या में अधिवक्ता उपस्थित रहे।
