✍️✍️ दुकान से लाखों के सामान चोरी मामले में आरोपी को मिली सशर्त जमानत
वाराणसी। कोतवाली थाना क्षेत्र में स्थित एक किराना व्यापारी की दुकान से लाखों रुपये का सामान चोरी कर अवैध रूप से बेचने के मामले में वाराणसी की अदालत ने आरोपी शंभू नाथ केशरी को सशर्त जमानत दे दी है। अदालत ने आरोपी को 50 हजार रुपये के व्यक्तिगत बंधपत्र तथा समान राशि की दो प्रतिभूतियां जमा करने की शर्त पर रिहा करने का आदेश दिया है।
""अदालत में बचाव पक्ष की ओर से फौजदारी अधिवक्ता श्याम सुंदर चौरसिया, संतोष मिश्रा व किशन चौबे ने पक्ष रखा""
वादी अजय कुमार शर्मा ने कोतवाली थाने में दर्ज कराई गई प्राथमिकी में आरोप लगाया कि उनकी दुकान 'अजय किराना मर्चेंट', जो त्रिवेद होटल, विशेश्वरगंज के नीचे स्थित है, में कर्मचारी के रूप में कार्यरत विशाल खरवार पिछले करीब डेढ़ वर्ष से चोरी-छिपे लाखों रुपये का सामान निकालकर शंभू नाथ केशरी को औने-पौने दाम पर बेचता रहा।
पुलिस के अनुसार, मुखबिर की सूचना पर 10 अगस्त 2026 को विशाल खरवार को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान उसने चोरी की वारदात स्वीकार करते हुए बताया कि वह चोरी का सामान शंभू नाथ केशरी को बेचता था तथा इस काम में अभिजीत कुमार और रवि जायसवाल भी उसके सहयोगी थे।
आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने शंभू नाथ केशरी के गोदाम और दुकान पर छापेमारी की, जहां से बड़ी मात्रा में कथित चोरी का सामान बरामद किया गया। मौके पर पहुंचे वादी अजय कुमार शर्मा ने बरामद सामान की पहचान अपनी दुकान के माल के रूप में की।
जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने अदालत को बताया कि आरोपी को झूठा फंसाया गया है। साथ ही यह भी कहा गया कि वह कैंसर और मानसिक बीमारी से पीड़ित है, उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है तथा गिरफ्तारी और बरामदगी के समय किसी स्वतंत्र गवाह की मौजूदगी नहीं थी।
जिला शासकीय अधिवक्ता ने जमानत का विरोध किया, लेकिन दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और उपलब्ध तथ्यों पर विचार करने के बाद प्रभारी सत्र न्यायाधीश ने आरोपी शंभू नाथ केशरी को सशर्त जमानत प्रदान कर दी।
अदालत ने आदेश में स्पष्ट किया है कि आरोपी जांच में पूरा सहयोग करेगा, न्यायालय में निर्धारित तिथियों पर उपस्थित रहेगा तथा किसी भी प्रकार से साक्ष्यों या गवाहों को प्रभावित करने का प्रयास नहीं करेगा।
