✍️✍️ इंश्योरेंस पर बोनस देने का झांसा देकर 11.72 लाख हड़पने का आरोप, साइबर फ्राड के मामले में आरोपित को मिली जमानत
वाराणसी। इंश्योरेंस पर बोनस देने का झांसा देकर साइबर फ्राड करके धोखाधड़ी करते हुए 11.72 लाख रुपए हड़प लेने के मामले में आरोपित को कोर्ट से बड़ी राहत मिल गई। जिला जज संजीव शुक्ला की अदालत ने इस मामले में सिकंदराबाद, आगरा निवासी आरोपित देवेश प्रताप सिंह उर्फ देवेश धाकरे की जमानत अर्जी पर सुनवाई करते हुए उसे 50-50 हजार रुपए की दो जमानतें एवं बंधपत्र देने पर रिहा करने का आदेश दिया। अदालत में बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ फौजदारी अधिवक्ता अनुज यादव व नरेश यादव ने पक्ष रखा।
अभियोजन पक्ष के अनुसार उमरहा, चौबेपुर निवासी वादी श्यामलाल पाल ने 8 जुलाई 2026 को साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आरोप था कि वादी ने वर्ष 2021 में पीएनवी बैंक में पीएनबी मेट-लाइफ इंश्योरेंस करवाया था। जिस पर वादी मार्च 2026 को लोन लिया था। जिसके बाद लगभग 12 अप्रैल 2026 को मोबाइल 8700732678 से अज्ञात व्यक्ति द्वारा फोन करके उसके द्वारा कराये गये इंश्योरेंस पर बोनस देने की बात करते हुए अधिक पैसों का लाभ देने की बात बताकर उससे अलग-अलग दिनांक पर कई बार में कुल 1172190/-रूपये उसके द्वारा अलग-अलग जनसेवा केन्द्रो से कैश पैसा देकर जमा करा लिया गया। जिन खातों में पैसा जमा कराया गया, उन खातों का डिटेल भी बहला कर मैसेज डिलीट करवा दिया गया। उसके साथ साइवर धोखाधड़ी कर ली गई, जिसका कम्पलेन NCRP पोर्टल पर किया गया। इस मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू की। विवेचना के दौरान आरोपित का नाम प्रकाश में आने पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।

