👉अदालत ने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि रिहाई की अवधि के दौरान किशोर किसी भी आपराधिक गतिविधि में शामिल नहीं होंगे। साथ ही, उन्हें आयु परीक्षण की कार्यवाही में पूरा सहयोग देना होगा और जमानत सुनवाई की अगली तिथि पर न्यायालय में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहना होगा। यदि उपरोक्त शर्तों का पालन नहीं किया गया, तो अंतरिम जमानत स्वतः निरस्त हो जाएगी।
""अदालत में बचाव पक्ष की ओर से फौजदारी अधिवक्ता सुरेन्द्र कुमार पटेल ने पक्ष रखा""
मामले की पृष्ठभूमि:
👉 प्राप्त एफआईआर विवरण के अनुसार,पीड़ित द्वारा थाना लोहता, वाराणसी में शिकायत दर्ज कराई गई कि दिनांक 2 जुलाई 2025 की रात लगभग 10 बजे वे अपने घर से निकलकर अंडा खाने के लिए पैदल मोबाइल पर बात करते हुए जा रहे थे। तभी एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल पर सवार तीन अज्ञात लड़कों ने पीछे से आकर झपट्टा मारकर उनका मोबाइल छीन लिया और देववाणी स्कूल से पिसौर की दिशा में भाग गए।
