👉 दरअसल, बलिया निवासी राहुल कुमार द्वारा दिनांक 1 जुलाई 2025 को संयुक्त पुलिस कमिश्नर (अपराध), वाराणसी को एक प्रार्थना पत्र दिया गया था जिसमें आरोप लगाया गया कि श्याम नारायण प्रसाद ने पीडब्ल्यूडी में चपरासी की नौकरी दिलाने के नाम पर उनसे ₹7.80 लाख की वसूली की थी, पर नौकरी नहीं लगवाने के बाद न केवल पैसे लौटाने से इनकार कर दिया बल्कि धमकी भी देने लगे।
👉 इसी प्रकरण में समझौते हेतु कर्मचारी के अधिवक्ता ने अपने चेंबर में दोनों पक्षों को बुलाया था। बातचीत के दौरान अचानक विवाद बढ़ गया और श्याम नारायण के पुत्र उत्कर्ष ने पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता पर हमला कर दिया। हमले के बाद मौके पर मौजूद अन्य अधिवक्तागण आक्रोशित हो गए और बाप-बेटे की जमकर धुनाई कर दी।
👉 घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक मामला गरमा चुका था। बाद में पुलिस और कुछ अधिवक्ताओं की मदद से श्याम नारायण प्रसाद और उत्कर्ष को किसी भी तरह मौके से हटाया गया।
