✍️✍️ सारनाथ जघन्य हत्याकांड: घर में घुसकर युवक को आग के हवाले करने वाले दोषी करार, अदालत ने सुनाई उम्रकैद
वाराणसी।
जिले के सारनाथ थाना क्षेत्र में वर्ष 2016 में घर में घुसकर एक युवक को पेट्रोल डालकर जिंदा जलाने के चर्चित मामले में वाराणसी की अदालत ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (द्रुतगामी न्यायालय प्रथम) कुलदीप सिंह-द्वितीय की अदालत ने दोषी फूफा महेश्वर पाण्डेय और भांजे कुंजेश पाण्डेय को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
""अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय फौजदारी अधिवक्ता मनोज गुप्ता एवं विंदू सिंह ने पक्ष रखा""
क्या था पूरा मामला?
अभियोजन पक्ष के अनुसार, घटना 18 अप्रैल 2016 की सुबह करीब 10:30 बजे की है। सारनाथ के प्रज्ञा नगर कॉलोनी स्थित वादी के घर में महेश्वर पाण्डेय और कुंजेश पाण्डेय गैलन में पेट्रोल लेकर जबरन घुस आए। उन्होंने घर में पेट्रोल छिड़ककर आग लगाने का प्रयास किया। जब वादी के भाई सूर्यप्रकाश पाण्डेय ने इसका विरोध किया, तो दोनों अभियुक्तों ने उस पर पेट्रोल डालकर उसे जिंदा जला दिया। गंभीर रूप से झुलसे सूर्यप्रकाश की इलाज के दौरान मृत्यु हो गई थी।
अदालत का फैसला और सजा
- न्यायालय ने दोनों अभियुक्तों महेश्वर पाण्डेय और कुंजेश पाण्डेय को धारा 302/34, 436, 452 और 506(2) के तहत दोषी करार दिया।
- आजीवन कारावास: दोनों दोषियों को धारा 302/34 के तहत सश्रम आजीवन कारावास और 20-20 हजार रुपये का अर्थदंड।
- अन्य सजा: धारा 436, 452 और 506(2) के तहत तीन-तीन वर्ष का अतिरिक्त कारावास और 2-2 हजार रुपये का जुर्माना।
- प्रतिकर: अर्थदंड की राशि का 50% भाग मृतक के माता-पिता को प्रतिकर के रूप में दिया जाएगा।
बलात्कार के आरोप से मिली राहत
अदालत ने साक्ष्यों के विश्लेषण के बाद अभियुक्त महेश्वर पाण्डेय को धारा 342 और धारा 376 के आरोपों से दोषमुक्त कर दिया।
न्यायाधीश ने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी और अभियुक्तों द्वारा जेल में बिताई गई अवधि को सजा में समायोजित किया जाएगा। फैसला सुनाए जाने के बाद दोनों दोषियों को जिला कारागार, वाराणसी भेज दिया गया।
