✍️✍️ 21 महिलाओं को जमानत, ठगी करने का मामला
वाराणसी। भेलूपुर के महमूरगंज में शेयर बाजार में निवेश के नाम पर लोगों से ठगी करने के मामले में आरोपी 21 महिलाओं को शनिवार को जमानत मिल गई। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (पंचम) सौरभ शुक्ला की अदालत ने सभी आरोपियों को रिहा करने का आदेश दिया।
""अदालत में आरोपी गरिमा की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अनुज यादव ने अपना पक्ष रखा""
अदालत में आरोपित गरिमा की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अनुज यादव ने दलील देते हुए कहा कि उप निरिक्षक संजना गौतम से यह पूछा गया कि क्या धारा बीएनएसएस का अनुपालन किया गया है। इस पर उत्तर दिया गया की उपरोक्त धारा 43(5) बीएनएसएस का अनुपालन नहीं किया गया। धारा 43(5) बीएनएसएस में यह रोक है कि असाधारण परिस्थितियों के सिवाय कोई महिला सूर्यास्त के पश्चात और सूर्योदय के पहले गिरफ्तार नहीं की जाएगी। इससे स्पष्ट होता है कि आरोपियों की गिरफ्तारी विधि के अनुसार नहीं की गई।
प्रकरण के अनुसार महमूरगंज स्थित एक मकान में फर्जी कॉल सेंटर चल रहा है। यहां शेयर में निवेश के नाम पर पैसा ऐंठने की शिकायत मिली थी। साथ ही एक मकान में लड़के-लड़कियों के आने-जाने की सूचना मिली थी। इस पर डीसीपी नीतू कादयान ने पुलिस टीम के साथ 30 जुलाई मकान में छापेमारी की थी। इस दौरान मौके से 21 महिलाऔं और 9 पुरुष समेत 32 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में पता चला कि सभी मिर्जापुर, चंदौली और वाराणसी के रहने वाले हैं। ये शेयर ट्रेडिंग में निवेश के लिए टेलीकॉलिंग के जरिए ग्राहक फंसाते थे। उनसे निवेश करवाते थे। ये फर्जी तरीके से एक रिहायशी बिल्डिंग में एनकेडी एन्ड एसोसिएट्स के नाम से फर्म चलाते थे।
